
कुल्लू। बीमार होने पर अगर आपको कुल्लू अस्पताल में भर्ती होने के लिए कहा गया तो चारपाई जरूर खरीद लीजिएगा। इन दिनों क्षेत्रीय अस्पताल कुल्लू में जो मरीज भर्ती हुए हैं, उनमें से कुछेक को चारपाई अपनी ही खरीदनी पड़ी है। ये मरीज अपनी चारपाई पर अस्पताल की गैलरी में उपचार करवा रहे हैं। अस्पताल का यह किस्सा बयां कर रहा है कि प्रदेश में स्वास्थ्य सेवा किस हद तक बदहाल हो चुकी है।
बदहाली का कारवां इस कद्र बढ़ रहा है कि मरीजों के लिए क्षेत्रीय अस्पताल कुल्लू का मेडिकल वार्ड छोटा पड़ने लगा है। नए और पुराने दोनों भवनों की गैलरी में अतिरिक्त बेड लग गए हैं। मरीज अपनी चारपाई को साथ लेकर अस्पताल में उपचार करने के लिए मजबूर हैं।
वहीं, इन दिनों घाटी के लोग उल्टी-दस्त और बुखार की चपेट में आ गए हैं। तीन जिलों को स्वास्थ्य सुविधा मुहैया करवाने वाले क्षेत्रीय अस्पताल कुल्लू में उल्टी-दस्त के मरीज बढ़ रहे हैं। रविवार को अस्पताल के मेडिकल वार्ड में 45 अतिरिक्त बिस्तर लगे। मेडिकल वार्ड में 40 बिस्तरों की क्षमता है। वार्ड में करीब 85 मरीज दाखिल हैं। इनमें 40 प्रतिशत मरीज बुखार से पीड़ित हैं।
मरीजों के साथ आए तीमारदारों तुले राम, कमला देवी और मरीज कुमारी तेजी का कहना है कि अस्पताल में उल्टी, दस्त और बुखार होने से उनका लगभग पूरा परिवार दाखिल हो गया।
एसएमओ कुल्लू डा. कमल कपूर ने कहा कि मेडिकल वार्ड में करीब 85 मरीज दाखिल हैं। इसमें ज्यादातर बुखार, उल्टी और दस्त से पीड़ित हैं। मरीजों को बेहतर उपचार करवाकर घर भेज दिया जा रहा है।
